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मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञ का खुलासा: Gen Z को अंदर से तोड़ रहीं ये 5 मानसिक समस्याएँ, चुप्पी बन चुकी है सबसे बड़ी बीमारी

मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञ का खुलासा: Gen Z को अंदर से तोड़ रहीं ये 5 मानसिक समस्याएँ, चुप्पी बन चुकी है सबसे बड़ी बीमारी

कभी बुज़ुर्ग कहा करते थे—
“दिमाग़ खाली हो तो शैतान घर बना लेता है।”

आज के दौर में दिमाग़ खाली नहीं है,
बल्कि ओवरलोडेड है।
नोटिफिकेशन, तुलना, डर, अकेलापन—सब कुछ एक साथ।

मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञों की मानें तो Gen Z—यानी आज की युवा पीढ़ी—दिखने में तेज़, बोलने में स्मार्ट और टेक्नोलॉजी में आगे है,
लेकिन अंदर ही अंदर टूट रही है।
और सबसे डरावनी बात?
ज़्यादातर लोग मुस्कुराते हुए टूट रहे हैं।

🔴 एक्सपर्ट की सीधी चेतावनी

“Gen Z दुखी नहीं दिखती, लेकिन शांत भी नहीं है।
यह पीढ़ी चिल्लाती नहीं—बस धीरे-धीरे ख़ामोश हो जाती है।”

1️⃣ Isolation (अकेलापन): भीड़ में भी अकेला महसूस करना

आज दोस्त हज़ार हैं—
लेकिन बात करने वाला कोई नहीं।

सोशल मीडिया पर लाइक्स हैं,
पर रात 2 बजे अगर दिल भारी हो जाए—
तो स्क्रीन चुप रहती है।

क्यों बढ़ रहा है Isolation?

डिजिटल रिश्ते, असली मुलाकातें कम

परिवार से भावनात्मक दूरी

“Strong दिखना है” वाली सोच

अपनी परेशानी शेयर करने का डर

सच कड़वा है:
Gen Z अकेली नहीं है,
वह अलग-थलग हो चुकी है।

2️⃣ Anxiety (चिंता): हर पल कुछ गलत हो जाने का डर

दिल तेज़ धड़कता है,
पसीना आता है,
मन कहता है—“सब खत्म हो जाएगा।”

यही है Anxiety।

Gen Z में Anxiety क्यों बढ़ रही है?

करियर का प्रेशर

तुलना की लत (Comparison Culture)

सोशल मीडिया पर “Perfect Life” का झूठ

भविष्य को लेकर अनिश्चितता

पुराने ज़माने में लोग कहते थे—
“जो होगा देखा जाएगा।”

आज की पीढ़ी कहती है—
“अगर सब गलत हो गया तो?”

3️⃣ Depression (अवसाद): जब जीने की इच्छा धीमी पड़ जाए

Depression हमेशा रोने से नहीं दिखता।
कई बार इंसान हँसते-हँसते अंदर से खाली हो जाता है।

आम लक्षण:

किसी चीज़ में दिल न लगना

हर समय थकान

खुद को बेकार समझना

नींद या भूख का बिगड़ना

सबसे खतरनाक बात

Gen Z अक्सर सोचती है—

“ये फेज़ है, निकल जाएगा।”

लेकिन कई बार फेज़ नहीं,
बीमारी होती है।

4️⃣ Burnout (मानसिक थकान): जब आत्मा तक थक जाए

काम करो।
खुद को साबित करो।
और फिर भी लगे—काफी नहीं है।

यही Burnout है।

Psychotherapist shares how Gen Z employees are using 'breakup' and 'burnout'  leaves to prioritise mental health at work | Health
मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञ का खुलासा: Gen Z को अंदर से तोड़ रहीं ये 5 मानसिक समस्याएँ, चुप्पी बन चुकी है सबसे बड़ी बीमारी

Gen Z क्यों जल्दी Burnout हो रही है?

24x7 Hustle Culture

आराम को आलस समझना

“बाकी सब आगे निकल गए” का डर

काम और निजी जीवन की कोई सीमा नहीं

पुराने लोग रविवार को मंदिर जाते थे।
आज का युवा रविवार को भी ई-मेल चेक करता है।

5️⃣ Identity Crisis (खुद को न समझ पाना)

मैं कौन हूँ?
मुझे क्या बनना है?
मैं काफी हूँ या नहीं?

ये सवाल Gen Z के दिमाग़ में रोज़ चलते हैं।

वजह:

समाज की उम्मीदें

सोशल मीडिया की तुलना

जल्दी सफल होने का दबाव

पहले इंसान अपनी उम्र में बड़ा होता था।
आज Gen Z उम्र से पहले ही थक जाती है।

🧠 एक्सपर्ट की सलाह: अब क्या किया जाए?

मानसिक स्वास्थ्य कोई ट्रेंड नहीं,
ये ज़रूरत है।

✔️ क्या करना ज़रूरी है?

खुलकर बात करना सीखें

प्रोफेशनल मदद लेने में शर्म न करें

सोशल मीडिया से ब्रेक लें

नींद, खाना और दिनचर्या ठीक रखें

खुद पर दया करना सीखें

सच बोलें तो:
ज़िंदगी कोई रेस नहीं,
और आप कोई मशीन नहीं।


Note: Content and images are for informational use only. For any concerns, contact us at info@rajasthaninews.com.

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