Ajmer News: छात्राओं का प्रिंसिपल पर छेड़छाड़ का आरोप, चेहरे पर पोती स्याही; पुलिस हिरासत में
- bypari rathore
- 17 August, 2026
Ajmer News: छात्राओं ने प्रिंसिपल पर लगाए छेड़छाड़ के आरोप, विरोध में चेहरे पर पोती स्याही; पुलिस ने हिरासत में लिया
अजमेर, 17 अगस्त 2026: राजस्थान के अजमेर जिले से सरकारी स्कूल में छात्राओं की सुरक्षा को लेकर गंभीर मामला सामने आया है। एक सरकारी सीनियर सेकेंडरी स्कूल की छात्राओं ने स्कूल के प्रिंसिपल सुशील कुमार रिनवा पर छेड़छाड़ के आरोप लगाए हैं। आरोपों को लेकर छात्राओं और उनके परिजनों ने स्कूल में विरोध प्रदर्शन किया। इसी दौरान एक छात्रा ने कथित तौर पर प्रिंसिपल के चेहरे पर स्याही पोत दी। घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और प्रिंसिपल को हिरासत में ले लिया।
छात्राओं और परिजनों ने किया विरोध प्रदर्शन
रिपोर्ट के मुताबिक, सरकारी स्कूल में छात्राओं की ओर से प्रिंसिपल के खिलाफ लगाए गए आरोपों के बाद स्कूल में विरोध का माहौल बन गया। छात्राओं के साथ उनके अभिभावक भी स्कूल पहुंचे और प्रिंसिपल के खिलाफ प्रदर्शन किया।
प्रदर्शन के दौरान मामला उस समय और बढ़ गया जब एक छात्रा ने प्रिंसिपल के चेहरे पर स्याही पोत दी। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई और पुलिस टीम स्कूल पहुंची।
पुलिस ने प्रिंसिपल को हिरासत में लिया
पुष्कर थाना प्रभारी अशोक बिशु के अनुसार, पुलिस ने मौके पर पहुंचकर आरोपी प्रिंसिपल को हिरासत में लिया। पुलिस ने बताया कि मामले में छात्राओं द्वारा लगाए गए आरोपों की जांच की जा रही है और संबंधित धाराओं में छेड़छाड़ का मामला दर्ज करने की प्रक्रिया की जा रही है।
फिलहाल यह मामला जांच के चरण में है। इसलिए प्रिंसिपल पर लगाए गए आरोपों को अंतिम रूप से साबित तथ्य के तौर पर नहीं माना जा सकता। पुलिस जांच और आगे की कानूनी प्रक्रिया के बाद ही मामले की पूरी तस्वीर स्पष्ट होगी।
शिक्षा विभाग ने भी शुरू की कार्रवाई
घटना की जानकारी मिलने के बाद शिक्षा विभाग की ओर से भी मामले को गंभीरता से लिया गया। अजमेर के मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी गोविंद नारायण शर्मा ने बताया कि सूचना मिलने के बाद एक अधिकारी को स्कूल भेजा गया।
अधिकारी ने उन छात्राओं के बयान दर्ज किए, जिन्होंने प्रिंसिपल पर आरोप लगाए हैं। इसके बाद तैयार की गई रिपोर्ट को वरिष्ठ अधिकारियों के पास कार्रवाई के लिए भेजा गया है।
छात्राओं के आरोपों की होगी जांच
इस मामले में पुलिस और शिक्षा विभाग दोनों स्तर पर जांच की बात सामने आई है। जांच में छात्राओं के बयान, घटना से जुड़े अन्य तथ्यों और स्कूल में मौजूद परिस्थितियों की जानकारी जुटाई जा सकती है।
सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि छात्राओं द्वारा लगाए गए आरोपों की निष्पक्ष जांच हो और यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो कानून के तहत कार्रवाई की जाए।
अजमेर में पहले भी सामने आया था ऐसा मामला
अजमेर जिले में स्कूल से जुड़ा यह मामला इसलिए भी चर्चा में है क्योंकि पिछले सप्ताह केकड़ी क्षेत्र के एक सरकारी स्कूल में एक शिक्षक को छात्राओं से जुड़े इसी तरह के आरोपों के बाद निलंबित किया गया था। PTI की रिपोर्ट के अनुसार, उस मामले के बाद अब यह नया मामला सामने आया है।
लगातार सामने आ रही ऐसी शिकायतों ने सरकारी स्कूलों में छात्राओं की सुरक्षा और शिकायतों पर समय रहते कार्रवाई को लेकर सवाल खड़े किए हैं।
स्कूलों में बच्चों की सुरक्षा सबसे अहम
स्कूल बच्चों के लिए शिक्षा के साथ-साथ सुरक्षित वातावरण देने वाली जगह होना चाहिए। ऐसे में किसी शिक्षक या स्कूल अधिकारी के खिलाफ अनुचित व्यवहार की शिकायत सामने आने पर उसकी गंभीरता से जांच जरूरी है।
विशेष रूप से नाबालिग छात्राओं से जुड़े मामलों में प्रशासन को उनकी पहचान और सुरक्षा का ध्यान रखते हुए संवेदनशील तरीके से कार्रवाई करनी होती है। शिकायत करने वाले बच्चों को किसी तरह का दबाव या डर महसूस न हो, इसके लिए भी प्रभावी व्यवस्था जरूरी है।
अब आगे क्या होगा?
पुलिस की जांच के आधार पर मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई तय होगी। पुलिस ने प्रिंसिपल को हिरासत में लिया है और संबंधित धाराओं में मामला दर्ज करने की प्रक्रिया की जानकारी दी है। वहीं शिक्षा विभाग की रिपोर्ट भी वरिष्ठ अधिकारियों के पास भेजी गई है।
आगे की जांच में यह स्पष्ट होगा कि छात्राओं द्वारा लगाए गए आरोपों में कितनी सच्चाई है और मामले में कौन-कौन से कानूनी कदम उठाए जाते हैं।
निष्कर्ष
अजमेर के सरकारी स्कूल में छात्राओं द्वारा प्रिंसिपल पर लगाए गए छेड़छाड़ के आरोपों के बाद हुआ विरोध प्रदर्शन और प्रिंसिपल के चेहरे पर स्याही पोते जाने की घटना ने पूरे मामले को गंभीर बना दिया है। पुलिस ने प्रिंसिपल को हिरासत में लिया है, जबकि शिक्षा विभाग ने भी छात्राओं के बयान दर्ज कर रिपोर्ट वरिष्ठ अधिकारियों को भेज दी है।
फिलहाल मामले की जांच जारी है। इसलिए आरोपों पर अंतिम निष्कर्ष जांच और कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही निकाला जाना चाहिए।

Note: Content and images are for informational use only. For any concerns, contact us at info@rajasthaninews.com.
राजस्थान में अपराधों...
Related Post
Recent News
Daily Newsletter
Get all the top stories from Blogs to keep track.








